जंतर-मंतर और देश भर के छात्रों पर प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई की जांच के लिए हाई पावर कमेटी गठित
Edited by : Pratik Sahu सुप्रीम कोर्ट सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज जस्टिस आर. सुभाष रेड्डी की अध्यक्षता में 5 सदस्यीय हाई पावर कमेटी का गठन किया गया है। कमेटी यह देखेगी कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने कितना बल इस्तेमाल किया और क्या वह जरूरत के मुताबिक था। सुप्रीम कोर्ट ने जंतर-मंतर और देश के दूसरे हिस्सों में हुए छात्र प्रदर्शनों के दौरान पुलिस और सुरक्षा बलों की कार्रवाई की जांच के लिए हाई पावर इन्क्वॉयरी कमेटी (HPEC) बनाई है। कोर्ट ने कहा कि प्रदर्शनकारियों पर जरूरत से ज्यादा बल इस्तेमाल किए जाने के आरोपों की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच जरूरी है। यह मामला शैलेंद्र मणि त्रिपाठी और अन्य की याचिकाओं से जुड़ा है। इन याचिकाओं में आरोप लगाया गया है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे लोगों पर पुलिस और दूसरे सुरक्षा बलों ने जरूरत से ज्यादा बल का इस्तेमाल किया। आरोपों में पैलेट गन, इलेक्ट्रिक बैटन, लाठीचार्ज और आंसू गैस के इस्तेमाल की बात कही गई है। महिलाओं और बच्चों के साथ कथित मारपीट और बदसलूकी के आरोप भी लगाए गए हैं। दूसरी ओर, सरकार और पुलिस की तरफ से कहा गया कि प्रदर्शन के दौरान कुछ ऐसे लोग भ...