असम के बरपेटा में पीएम मोदी की जनसभा, कहा- 'कांग्रेस में लंबे समय का विजन नहीं, उनकी हार की सेंचुरी लगेगी'
असम के बरपेटा में पीएम मोदी की जनसभा, कहा- 'कांग्रेस में लंबे समय का विजन नहीं, उनकी हार की सेंचुरी लगेगी'
पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस के पास दूरगामी सोच नहीं है। इस वजह से पार्टी को हर चुनाव में हार मिल रही है। इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस की हार की सेंचुरी लगने की बात कही।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम के लोगों से कहा कि उनका वोट इस बार विकसित असम के निर्माण की नींव को और मजबूत करने वाला है। बीजेपी असम को उस बुलंदी की तरफ लेकर जा रही है, जिसके असम के लोग हकदार हैं। कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, "कांग्रेस में हमेशा लंबे समय का विजन नहीं रहा। उनका ध्यान करप्शन करने के लिए शॉर्ट-टर्म फायदे पर था। विकसित असम के लक्ष्य के साथ, हम विकसित भारत के बड़े विजन की दिशा में भी काम कर रहे हैं। इस विजन के साथ, पिछला दशक पूरी तरह से असम को डर और अस्थिरता से बाहर निकालने के लिए समर्पित था। पिछला दशक असम की पहचान बचाने के बारे में था। अगला दशक असम को आत्मनिर्भर बनाने और इसकी पहचान को ग्लोबल स्टेज पर ले जाने के बारे में होगा।"
किसानों के मुद्दे पर कांग्रेस को घेरा
पीएम मोदी ने कहा, "2014 के पहले के 10 वर्षों में जब कांग्रेस सत्ता में थी, तब देश के धान किसानों को एमएसपी के सिर्फ 4 लाख करोड़ रुपए मिले थे। लेकिन 2014 के बाद के 10 वर्षों में धान किसानों को हमारी सरकार ने 16 लाख करोड़ रुपये दिए हैं। साफ है कांग्रेस कभी धान किसानों का भला नहीं कर सकती। 2013 में जब केंद्र में कांग्रेस की सरकार थी, तब धान का एमएसपी मात्र 1,300 रुपए/क्विंटल था। आज धान का एमएसपी करीब 2,370 रुपए/क्विंटल है और असम की भाजपा सरकार अपनी तरफ से भी इसमें वृद्धि करती है।" महिला आरक्षण को लेकर उन्होंने कहा, "विकसित भारत बनाने के लिए विधानसभा में और संसद में महिलाओं की भूमिका हो, ये बहुत जरूरी है, इसलिए हमारी सरकार ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम पारित किया था। इसमें महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण तय हुआ है। देश की बहन बेटियों ने 40 साल तक इसका इंतजार किया है। इसलिए जरूरी है 2029 के लोकसभा चुनाव से ही महिलाओं को ये हक मिले। इसके लिए कानून में संशोधन आवश्यक है। इसलिए 16 अप्रैल से सरकार ने संसद का एक विशेष सत्र बुलाया है। हमने देश की सभी पार्टियों से इसकी चर्चा की है। हमने सभी से कहा है कि आइए, देश की बहनों बेटियों के हक से जुड़े इस काम को सर्वसम्मति से आगे बढ़ाएं।"
