ईरान ने एक और व्यक्ति को दी फांसी, इजरायल की Mossad खुफिया एजेंसी के लिए था जासूसी करने का आरोप
Edited by : Pratik Sahu
इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच दूसरे दौर की वार्ता की संभावना प्रबल हो गई है। मगर इधर ईरान ने ट्रंप के दावों के उलट तेहरान में फिर एक शख्स को फांसी पर लटका दिया है।
सक्रिय रूप से शामिल था।
इस्फहान परमाणु केंद्र पर हमले का भी था दोषी
ईरान की न्यायपालिका से जुड़ी समाचार एजेंसी मिज़ान ने बताया कि कियानी को इस्फहान शहर में सुरक्षा बलों पर हमला करने, सार्वजनिक और निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, आगजनी और आतंक फैलाने के आरोप में दोषी ठहराया गया था। अदालत ने उसे “मोसाद का किराए का गुंडा” बताया। ईरानी सुरक्षा बलों ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा उसको सजा की पुष्टि के बाद सुबह जल्दी फांसी दे दी गई। यह फांसी हाल के ईरान-इजरायल युद्ध और उसके बाद जनवरी में हुए बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शनों के बाद दी गई फांसियों की श्रृंखला में नवीनतम है।
ट्रंप के दावे के बावजूद ईरान दे रहा फांसी
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का दावा है कि उनके हस्तक्षेप से ईरान में फांसी रुक गई है, लेकिन इसके उलट तेहरान में धड़ाधड़ लोगों को फांसी के फंदे पर लटकाया जा रहा है। ईरान सरकार ने प्रदर्शनकारियों और जासूसों को मौत की सजा देना जारी रखा है। ईरान के अनुसार तेहरान में हुए पूर्व के सभी प्रदर्शन को विदेशी ताकतों खासकर इजरायल और पश्चिमी देशोंद्वारा समर्थित बता रही है। मानवाधिकार संगठनों ने कहा है कि ऐसे मामलों में मुकदमे गुप्त रूप से चलाए जाते हैं और आरोपी को उचित कानूनी बचाव का अधिकार नहीं दिया जाता। ईरान में हाल के हफ्तों में मोसाद से कथित संबंध रखने वाले कई व्यक्तियों की फांसी दी जा चुकी है।
