शेयर ट्रेडिंग के नाम पर 25 लाख की साइबर ठगी, पुलिसकर्मियों को बनाया था शिकार, 4 आरोपी गिरफ्तार
Edited by : Pratik Sahu

सोनभद्र साइबर क्राइम पुलिस ने शेयर ट्रेडिंग में अधिक लाभ का झांसा देकर 25.03 लाख की साइबर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
फर्जी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म के जरिए ठगी
पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के निर्देशन में साइबर क्राइम थाना और स्वाट टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए लखनऊ में दबिश देकर सुफियान, मोहम्मद दानिश, अरशद सिद्दीकी और तुफैल खान को गिरफ्तार किया। आरोपियों के पास से पांच मोबाइल फोन, एक लैपटॉप और एक चार पहिया वाहन बरामद किया गया, जिसका इस्तेमाल साइबर ठगी के नेटवर्क को संचालित करने में किया जाता था।
जांच में सामने आया कि आरोपी बॉटब्रो, क्रॉसमार्केट और माइनक्रिप्टो जैसे फर्जी ऑनलाइन शेयर ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म का सहारा लेकर लोगों को निवेश के लिए फंसाते थे। वे निवेश पर 8 से 10 प्रतिशत तक निश्चित मुनाफा मिलने का दावा करते थे। इसी लालच में आकर कई लोगों ने पैसे लगाए और देखते ही देखते करीब 25.03 लाख रुपये की ठगी का शिकार हो गए। पीड़ितों में जिले में तैनात चार पुलिसकर्मी भी शामिल हैं।
लखनऊ से हुई गिरफ्तारी
पुलिस ने बताया कि इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों और बैंकिंग लेनदेन के आधार पर उनकी पहचान की गई, जिसके बाद 30 जून की रात लखनऊ में कार्रवाई कर चारों को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में आरोपियों ने कबूल किया कि वे लोगों से निवेश के नाम पर रकम विभिन्न बैंक खातों में मंगवाते थे। इसके बाद यह राशि अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर आपस में बांट ली जाती थी, ताकि जांच एजेंसियों को गुमराह किया जा सके।
पुलिस ने मामले में संबंधित धाराओं को बढ़ाते हुए गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश तेज कर दी है। साथ ही ठगी की बची हुई रकम बरामद करने के प्रयास भी किए जा रहे हैं। सोनभद्र पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी ऑनलाइन निवेश योजना में पैसा लगाने से पहले उसकी पूरी तरह जांच-पड़ताल करें। यदि किसी प्रकार की साइबर ठगी होती है तो तुरंत हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं या नजदीकी साइबर थाने से संपर्क करें।